फैक्ट चेक

क्या यह जामिया मिलिया इस्लामिया की 'फ़र्ज़ी' महिला प्रदर्शनकारी है?

बूम ने पाया कि तस्वीर भारत की नहीं है, बल्कि 2017 में कैरो (इजीप्ट) में पकड़े गए एक अपहरणकर्ता की है।

By - Swasti Chatterjee | 18 Dec 2019 1:20 PM IST

क्या यह जामिया मिलिया इस्लामिया की फ़र्ज़ी महिला प्रदर्शनकारी है?

बच्चों को अगवा करने के लिए बुर्क़ा पहने एक पुरुष की तस्वीर सोशल मीडिया फिर वायरल हो रही है। इस बार दावा किया जा रहा है कि वह जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय (जेएमआईयू) के प्रदर्शनकारियों में से एक है। वायरल फ़ोटो में, अपहरणकर्ता की जेएमआईयू प्रदर्शनकारी के रुप में ग़लत पहचाना गया है।

यह तस्वीर एक शख़्स की है जो मिस्र में बच्चों का अपहरण करते हुए पकड़ा गया था।

व्हाट्सएप्प पर फैलने वाली तस्वीर के साथ कैप्शन दिया गया है - "मिलिए जामिया की महिला protester से।"

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देश भर के छात्र पिछले हफ्ते से नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) का विरोध कर रहे हैं। रविवार को पुलिस ने विश्वविद्यालय के भीतर जाकर कार्रवाई की थी, जिसमें कई छात्र घायल हो गए थे। इसके बाद जेएमआईयू और अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गए थे।

यह फोटो बूम को अपने हेल्पलाइन नंबर पर सत्यापन के लिए मिला है।


यह तस्वीर फ़ेसबुक और ट्वीटर पर इसी कहानी के साथ वायरल है।


फ़ैक्ट चेक

बूम ने एक रिवर्स इमेज सर्च चलाया और पाया कि यह तस्वीर मिस्र के एक शख़्स की है और दो साल पुरानी है। इस शख़्स को तब गिरफ़्तार किया गया था जब वह एक महिला के वेश में बच्चे को अगवा करने की कोशिश कर रहा था। प्रासंगिक कीवर्ड खोजों पर हम कई समाचार रिपोर्टों तक पहुंचे जिसमें घटना के बारे में बताया गया था। रिपोर्टों के मुताबिक कैरो में आयोजित एक सभा में बुर्का पहले यह शख़्स बच्चों का अपहरण करने की कोशिश कर रहा था।

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आरोपी को ना्र्थ 90 स्ट्रीट पर स्थित एक मॉल,कैरो फेस्टिवल सिटी से निवासियों द्वारा पकड़ा गया, जिसे उस पर संदेह हो गया था। बाद में उसे पुलिस को सौंप दिया गया।

घटना पर समाचार रिपोर्टों में से एक तक तक पहुंचने के लिए यहां क्लिक करें।


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