सोशल मीडिया पर बांग्लादेश में हिंदू साधु के साथ मारपीट की घटना के दावे से एक वीडियो वायरल है. वीडियो में लोगों के समूह को एक साधु के साथ मारपीट करते हुए देखा जा सकता है.
बूम ने जांच में पाया कि वीडियो पंजाब के होशियारपुर जिले के टांडा उड़मुड़ रेलवे स्टेशन का है. लोगों ने एक साधु पर बच्चा चोर होने का आरोप लगाते हुए उसकी पिटाई कर दी थी.
बांग्लादेश में संसदीय चुनाव की घोषणा और छात्र आंदोलन के नेता शरीफ उस्मान हादी की हत्या के बाद एक बार फिर हालात अस्थिर हो गए हैं. इसी बीच अल्पसंख्यकों पर हमलों की खबरें भी सामने आई हैं. दीपू चंद्र दास की हत्या के बाद बीते 31 दिसंबर को खोकन चंद्र दास की हत्या की घटना सामने आई है, जिसके बाद भारत के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन देखने को मिले. इसी क्रम में बांग्लादेश में हिंदुओ के साथ मारपीट के दावे से कई वीडियो वायरल हो रहे हैं.
क्या है वायरल दावा :
फेसबुक यूजर ने वीडियो को शेयर करते हुए लिखा है, " बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति, कोई संज्ञान लेने को तैयार नहीं." आर्काइव लिंक
एक्स पर भी यह वीडियो वायरल है. आर्काइव लिंक
पड़ताल में क्या मिला :
पंजाब के टांडा उड़मुड़ रेलवे स्टेशन का वीडियो
वायरल वीडियो के कीफ्रेम को रिवर्स इमेज सर्च करने पर हमें 21 दिसंबर 2025 को इंस्टाग्राम पर अपलोड किया गया वीडियो मिला. वीडियो पर टेक्स्ट लिखा है, "बच्चा चोर बाबा तीन साल का लड़का चुरा लिया, टांडा रेलवे स्टेशन."
हमें यूजर के अकाउंट पर घटना के संबंध में रिपोर्ट कर रहे एक रिपोर्टर का वीडियो भी मिला. वीडियो में रिपोर्टर को पंजाबी भाषा में घटना के बारे में जानकारी देते हुए सुना जा सकता है. रिपोर्टर के अनुसार, टांडा रेलवे स्टेशन पर एक बाबा को बच्चा चोरी करने की कोशिश करते हुए पकड़ा गया, बच्चा एक दम सुरक्षित है. रिपोर्ट के अनुसार साधु ने पीटे जाने से 3-4 दिन पहले एक बच्चे को उठाने की कोशिश की थी.
बाबा को बच्चा चोर बताते हुए लोगों ने पीट दिया था
घटना के बारे में अधिक जानकारी के लिए हमने पंजाब के होशियारपुर जिले के स्थानीय रिपोर्टर सुनील लाखा से संपर्क किया. उन्होंने पुष्टि करते हुए बूम को बताया कि वीडियो होशियारपुर के टांडा उड़मुड़ रेलवे स्टेशन का है और नवंबर 2025 का है. लोगों ने बच्चा चोरी के शक में रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर एक बाबा को पीट दिया था. लोगों ने आरोप लगाया था कि बाबा ने बच्चे को चोरी करने की कोशिश की थी. हालांकि बाबा के पास से कोई बच्चा बरामद नहीं हुआ. इस संबंध में किसी ने बाबा के खिलाफ शिकायत दर्ज नहीं की और न ही इस घटना के बारे में मीडिया में ज्यादा रिपोर्टिंग हुई.


