विश्व उपभोक्ता दिवस 2021: जानिए वो अधिकार जो आपके लिए हैं बेहद ज़रूरी

विश्व उपभोक्ता दिवस 2021 का थीम है 'प्लास्टिक प्रदूषण से निपटना' ताकि उपभोक्ता और सेवादाता दोनों को प्लास्टिक के इस्तेमाल को लेकर जागरूक किया जा सके.

उपभोक्ता के अधिकारों (Consumer Rights) और उनकी ज़रूरतों के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए हर साल आज के दिन यानी 15 मार्च को विश्व उपभोक्ता अधिकार दिवस (World Consumer Rights Day) के रूप में मनाया जाता है. उपभोक्ता, यानी वह व्यत्ति है जो अपने इस्तेमाल के लिये कोई वस्तु खरीदता है या सेवा प्राप्त करता है.

सेवादाता या उत्पाद उपलब्ध करवाने वाली कंपनियां अपने कुछ नियम व शर्तों के साथ उत्पाद बेचती हैं. ऐसे में उपभोक्ताओं को इन शर्तों व नियमों के प्रति सजग होने की ज़रूरत है ताकि किसी भी तरह के नुकसान व अन्याय से बचा जा सके. उपभोक्ताओं को किसी प्रकार घपलेबाजी और धोखाधड़ी से बचाने के लिए सरकार 'जागो ग्राहक जागो' जैसे अभियान भी चलाती है.

बैंकों की दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल शुरू: जाने मुख्य बातें

भारत में उपभोक्ता को यह अधिकार प्राप्त हैं

उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा और इन्हें जागरूक करने के उद्देश्य से विश्वभर में उपभोक्ता अधिकार दिवस मनाया जाता है. क्या आप जानते हैं कि भारत में उपभोक्ताओं को क्या अधिकार हासिल हैं? उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने उपभोक्ताओं के लिए कई अधिकार सूचीबद्ध किए हैं.

  • सुरक्षा का अधिकार
  • सूचित किए जाने का अधिकार
  • सुने जाने का अधिकार
  • समस्या के समाधान का अधिकार
  • उपभोक्ता शिक्षा का अधिकार

बेला चाओ: फ़ासिस्ट-विरोधी जड़ों से निकला गीत जो आंदोलनों की आवाज़ बन गया है

उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019

भारत सरकार ने बीते साल 20 जुलाई को उपभोक्ताओं के अधिकारों को अधिक सशक्त करने के उद्देश्य से उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 लागू किया. नया अधिनियम पुराने उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 1986 के मुक़ाबले मज़बूत और तीर्वता से शिकायतों का निपटान करने में सहायक है. इसमें कंपनियों और उनके उत्पाद का विज्ञापन करने वाले सेलिब्रिटीज़ की जवाबदेही सुनिश्चित की गई है.

  • नए अधिनियम के तहत अब उपभोक्ता कहीं भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जबकि पहले यह प्रावधान नहीं था. उपभोक्ता अपनी शिकायत वहीं दर्ज करा सकते थे जहां कंपनी या सेवादाता का ऑफ़िस हो.
  • कंपनियों के उत्पाद का भ्रामक विज्ञापन करने पर सेलिब्रिटीज़ को भी क़ानून के दायरे में लाया गया है. इससे उपभोक्ता उत्पाद के चयन के दौरान किसी भी भ्रमजाल में फंसने से बच सकेगा. अमूमन भारत में लोग अपने पसंदीदा कलाकार/खिलाड़ी को देखकर ही उत्पाद ख़रीदने में रूचि दिखाते हैं.
  • उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 में अमेज़न, फ़्लिपकार्ट जैसी ई-कॉमर्स कंपनियों को भी शामिल किया गया है. उपभोक्ता अपने साथ किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी होने की स्थिति में सीधे इन कंपनियों के ख़िलाफ़ शिकायत दर्ज करा सकता है.
  • उपभोक्ताओं की शिकायत का निदान करने के लिए बनाये गए कंज़्यूमर फ़ोरम को अब अधिक सशक्त करते हुए कंज़्यूमर कमीशन कर दिया गया है.

इस साल, विश्व उपभोक्ता दिवस 2021 की थीम 'प्लास्टिक प्रदूषण से निपटना' (Tackle plastic pollution) रखी गई है ताकि उपभोक्ता और सेवादाता दोनों को प्लास्टिक के इस्तेमाल को लेकर जागरूक किया जा सके.

क्या बदरुद्दीन अजमल ने भारत को इस्लामिक राष्ट्र बनाने की बात कही?

Show Full Article
Next Story
Our website is made possible by displaying online advertisements to our visitors.
Please consider supporting us by disabling your ad blocker. Please reload after ad blocker is disabled.