बिहार के सियासी घटनाक्रम के बीच वायरल 'नीतीश सबके हैं' पोस्टर दो साल पुराना है

बूम ने पाया कि वायरल तस्वीर क़रीब दो साल पुरानी है, और इसका बिहार के हालिया राजनीतिक घटनाक्रम से कोई संबंध नहीं है.

बिहार के राजनीतिक घटनाक्रम के बीच जनता दल (यूनाइटेड) के प्रमुख नीतीश कुमार के साथ एक पोस्टर की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. इस पोस्टर में लिखा है, "नीतीश सबके हैं." वायरल तस्वीर को कई मीडिया आउटलेट्स सहित सोशल मीडिया यूज़र्स हालिया राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़कर शेयर कर रहे हैं.

बूम ने पाया कि वायरल तस्वीर क़रीब दो साल पुरानी है, और इसका बिहार के हालिया राजनीतिक घटनाक्रम से कोई संबंध नहीं है.

बिहार में नए राजनीतिक घटनाक्रम के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया और सहयोगी दल बीजेपी से गठबंधन तोड़ दिया. जनता दल (यूनाइटेड) के प्रमुख नीतीश कुमार अब राष्ट्रीय जनता दल के साथ मिलकर सरकार बनाने जा रहे हैं. वायरल तस्वीर इसी पृष्ठभूमि में शेयर की गई है.

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एबीपी न्यूज़ की एंकर मनोज्ञा लोईवाल ने "नीतीश सबके हैं" पोस्टर शेयर करते हुए कैप्शन दिया कि "बिहार में लगे नए पोस्टर...आया सावन झूम के."


ट्वीट यहां और आर्काइव वर्ज़न यहां देखें.

आज तक एडिटर और एंकर चित्रा त्रिपाठी तस्वीर शेयर करते हुए ये फ़ोटो ठीक है- आठवीं बार बनेंगे CM कभी पार्टी को पूर्ण बहुमत नहीं मगर 20 साल से CM नीतीश ऐसे दूल्हा जिनकी पालकी BJP/RJD दोनों उठाना चाहते हैं."


ट्वीट यहां और आर्काइव वर्ज़न यहां देखें.

इसी तस्वीर को पत्रकार ओसामा ज़करिया, उमर अशरफ़ और सिज्जील अयूबी ने भी शेयर किया.

वायरल तस्वीर को कई मीडिया आउटलेट्स ने भी हालिया घटनाक्रम से जोड़कर अपनी रिपोर्ट्स में प्रकाशित किया.

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इसके अलावा टाइम्स ऑफ़ इंडिया, टीवी9 भारतवर्ष, प्रभात ख़बर और न्यूज़18 इंडिया ने वायरल तस्वीर के साथ अलग-अलग सियासी मायने निकालते दिखे.


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फ़ैक्ट चेक

बूम ने संबंधित कीवर्ड के साथ खोजबीन की तो हमें यही तस्वीर अक्टूबर 2020 के एक ट्वीट में मिली.

पत्रकार नरेंद्र नाथ मिश्र ने 7 अक्टूबर 2020 के अपने ट्वीट में तस्वीर शेयर करते हुए लिखा था, "नीतीश सबके हैं। 2020 चुनाव का यही थीम है?"


जांच के दौरान हमें यह तस्वीर 10 नवंबर, 2020 को प्रकाशित बीबीसी मराठी की एक रिपोर्ट में मिली. रिपोर्ट के अनुसार, नीतीश कुमार के ऐसे पोस्टर बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान लगाए गए थे. बिहार विधानसभा चुनाव 2020 में हुए थे. इस चुनाव में जद (यू) और बीजेपी ने मिलकर गठबंधन सरकार का गठन किया था.

इसके बाद हमने जनवरी 2020 और दिसंबर 2020 के बीच की समय सीमा को सीमित करते हुए गूगल पर एक कीवर्ड सर्च किया.

इस दौरान हमें 7 अक्टूबर, 2020 को प्रकाशित TV9 भारतवर्ष की एक रिपोर्ट में जेडीयू कार्यालय के बाहर नीतीश कुमार के पोस्टर की हूबहू तस्वीर मिली. इसके अलावा, 2 अक्टूबर, 2020 को प्रकाशित लाइव हिंदुस्तान रिपोर्ट में भी उसी तस्वीर को देखा जा सकता है.

रिपोर्ट में बताया गया है कि बिहार विधानसभा चुनाव से पहले पटना में जदयू कार्यालय के बाहर पार्टी के नए पोस्टर लगे हैं. इस पोस्टर पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की फ़ोटो के साथ लिखा 'नीतीश सबके हैं'.

हमने पाया कि आज तक एंकर चित्रा त्रिपाठी ने तब इस तस्वीर को 6 अक्टूबर 2020 को ट्वीट करते हुए पूछा था कि जब नीतीश सबके हैं तो पीएम की फ़ोटो सबके लिए क्यों नहीं है.

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Claim :   पटना की सड़कों पर नीतीश कुमार के नए पोस्टर लगे
Claimed By :  Media Outlets and Social Media Users
Fact Check :  False
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