मध्यप्रदेश में 'मनचले' की पिटाई का वीडियो फ़र्जी दावे के साथ वायरल

बूम ने पाया कि वायरल वीडियो के साथ किया गया दावा सही नहीं है.

पिछले दिनों शिक्षण संस्थानों में मुस्लिम छात्राओं द्वारा हिजाब पहनने का मुद्दा चर्चाओं में रहा था. कई मुस्लिम संगठनों ने शिक्षण संस्थानों में हिज़ाब न पहनने देने के आदेश का विरोध किया तो कई हिंदू दक्षिणपंथी संगठन इसके समर्थन में उतर आए थे. हालांकि बाद में कर्नाटक उच्च न्यायालय की एक पीठ ने कक्षा के अंदर सभी को स्कूली पोशाक पहनने का आदेश दिया था.

इसी बीच सोशल मीडिया पर हिज़ाब मुद्दे से जोड़कर एक वीडियो काफ़ी वायरल है, जिसे शेयर करते हुए दावा किया जा रहा है कि एक व्यक्ति ने सिर ढंके एक महिला को अपने सर से कपड़ा हटाने के लिए कहा, जिसके बाद महिला और उसके परिचितों ने उस व्यक्ति की जमकर पिटाई की.

अग्निपथ योजना से जोड़कर विरोध-प्रदर्शन का पुराना वीडियो वायरल

वायरल हो रहे वीडियो में देखा जा सकता है कि एक व्यक्ति किसी शख्स को पकड़ एक स्कूटी सवार महिला के पास ले जा रहा है. स्कूटी पर बैठी महिला ने अपने सिर पर कपड़ा रखा हुआ है. जैसे ही भगवा गमछा पहने हुआ शख्स स्कूटी सवार महिला के सामने आता है, उसकी पिटाई शुरू हो जाती है. महिला और उसके साथ वहां मौजूद कई और व्यक्ति उस शख्स की पिटाई करना शुरू कर देते हैं. इस दौरान महिला पिट रहे व्यक्ति को 'अब पकड़' और 'नपुंसक' कहती हुई भी सुनी जा सकती है.

इस वीडियो को अंग्रेजी कैप्शन के साथ फ़ेसबुक और ट्विटर पर शेयर किया गया है.

क्रूरदर्शक नाम के ट्विटर अकाउंट से इस वीडियो को शेयर करते हुए लिखा गया है 'इस संघी ने एक महिला से अपने सिर पर रखा हुआ कपड़ा हटाने के लिए कहा, उसने सोचा कि केवल मुस्लिम महिलाएं ही ऐसा करती हैं. अब दूसरों की प्रतिक्रिया देखें'.


ज़ुल्फ़िकार शेख नाम के फ़ेसबुक अकाउंट से भी मारपीट वाले वीडियो को इसी तरह के कैप्शन के साथ शेयर किया गया है.


वायरल पोस्ट यहां, यहां और यहां देखें.

फ़ैक्ट चेक

बूम ने वायरल हो रहे वीडियो की पड़ताल के लिए उसके कीफ़्रेम की मदद से रिवर्स इमेज सर्च किया तो हमें हिंदी न्यूज़ वेबसाइट वनइंडिया पर लगी एक न्यूज़ रिपोर्ट मिली, जिसमें वायरल वीडियो का स्क्रीनग्रैब मौजूद था. इस रिपोर्ट को पिछले 15 जून को ज़ारी किया गया था.

रिपोर्ट के अनुसार मध्यप्रदेश के सागर ज़िले के खुरई में तहसील परिसर के पास सड़क किनारे वाहन का इंतज़ार कर रही एक युवती के साथ एक मनचले ने छेड़खानी की. युवती ने इसका जमकर विरोध किया और अपने एक परिचित की मदद से युवक की जमकर पिटाई की. बाद में छेड़खानी करने वाला शख्स वहां से भाग गया. हालांकि युवती ने इसकी शिकायत दर्ज नहीं कराई.


जांच के दौरान हमें पत्रिका में भी इस घटना से संबंधित छपी एक रिपोर्ट मिली. पत्रिका की रिपोर्ट में भी उपरोक्त जानकारी ही मौजूद थी. हालांकि रिपोर्ट में कही भी हिजाब का ज़िक्र नहीं था.

इसके बाद हमने ज़्यादा जानकारी के लिए खुरई थाने के टीआई राघवेन्द्र चौहान से संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि दोनों पक्षों में किसी ने भी घटना की शिकायत दर्ज नहीं कराई है. पुलिस पेट्रोलिंग टीम को किसी व्यक्ति ने फ़ोन कर इस घटना की सूचना दी थी लेकिन जैसे ही टीम वहां पहुंची तो उन्हें कोई भी नहीं मिला. साथ ही उन्होंने घटना की तिथि के बारे में अनुमान लगाते हुए कहा कि यह घटना करीब 8-10 दिन पहले की है.

इसके बाद हमने रिपोर्ट में दिए गए जानकारियों के माध्यम से खुरई तहसील ऑफिस के पास के एक दुकान से संपर्क किया. खुरई में मौजूद श्रीमंत होंडा डीलर में काम करने वाले एक वर्कर ने बूम को बताया कि यह घटना करीब पहले एक सप्ताह उनके दुकान के नजदीक ही हुई थी जो तहसील ऑफिस से करीब 300-400 मीटर दूर है.

साथ ही उन्होंने बताया कि जब यह घटना घटी तो हम सब शोरुम में ही थे, हमने वहां हो रही मारपीट को नहीं देखा लेकिन लोग इनके बारे में बात कर रहे थे. हालांकि उन्होंने इस दौरान साफ़ किया कि उन लोगों ने हिज़ाब के बारे में कुछ भी नहीं सुना.

पिछले हफ़्ते फ़र्ज़ी दावों के साथ वायरल रहे वीडियोज़ का फ़ैक्ट चेक

Claim :   This Sanghi asked a woman to remove cloth covering head, because he thought only Muslim ladies do that. Watch the response from others. Sanghis are brain washed by Media and Govt.
Claimed By :  Social Media Users
Fact Check :  Misleading
Show Full Article
Next Story
Our website is made possible by displaying online advertisements to our visitors.
Please consider supporting us by disabling your ad blocker. Please reload after ad blocker is disabled.