कोविड-19 के दो टीकों के आपात इस्तेमाल को मिली हरी झंडी

ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ़ इंडिया ने कोविड-19 महामारी के टीकों को स्वीकृति दी है | यह फ़्रंट लाइन वर्कर्स को मुफ़्त दिया जाएगा |

Coronavirus vaccine: भारतीय केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) की सब्जेक्ट एक्सपर्ट कमिटी ने 1 और 2 जनवरी, 2021 को बैठक की | बैठक में कमिटी ने सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ़ इंडिया द्वारा निर्मित कोविशील्ड (Covishield) और भारत बायोटेक की कोवैक्सीन (Covaxin) के देश में आपातकालीन परिस्थितियों में इस्तेमाल को स्वीकृत करने का सुझाव दिया |

इस सुझाव को मानते हुए ड्रग कंट्रोलर ऑफ़ इंडिया ने दोनों वैक्सीन के आपातकालीन स्थितियों में प्रतिबंधित इस्तेमाल को मंज़ूरी दे दी है |

ट्रायल और प्रभावकारिता

सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ़ इंडिया (कोविशील्ड निर्माता) ने पहले चरण का ट्रायल विदेश में 23,745 लोगों पर किया था जिसके बाद 70.42 प्रतिशत प्रभावकारिता बताई थी, प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो की एक रिलीज़ के मुताबिक़ | कोविशील्ड को दूसरे और तीसरे चरण की मान्यता भी दी गयी थी जो भारत में ही 1,600 लोगों के ऊपर हुआ था और परिणाम विदेश में मिले परिणामों के सामान रहे |

कोविड-19 टीके के लिए CoWIN डिजिटल रजिस्ट्रेशन कैसे करें?

भारत बायोटेक द्वारा निर्मित कोवैक्सीन पर प्रभावकारिता का स्पष्ट डाटा नहीं है | ड्रग कंट्रोलर ने कहा है कि पहले और दूसरे चरण में कई जानवरों के साथ 800 मानव प्रतिभागियों पर और अब भी जारी तीसरे चरण में अब तक 22,500 प्रतिभागियों के शामिल होने के बाद टीका "प्रभावी और सुरक्षित" पाया गया है |

टीकों के दाम

केंद्रीय स्वस्थ मंत्री हर्षवर्धन ने कहा है कि फ़्रंट लाइन वर्कर्स को टीके मुफ़्त मिलेंगे | बाक़ी नागरिकों के लिए वैक्सीन की कीमतों पर अभी कोई पुख्ता खबर नहीं है | हालांकि सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ़ इंडिया के चीफ़ एग्जीक्यूटिव ऑफ़िसर आदार पूनावाला ने पहले कहा था कि कोविशील्ड करीब 400 रूपए में मिलेगी |

हिंदुस्तान टाइम्स कि एक रिपोर्ट के मुताबिक़ भारत बायोटेक की कोवैक्सीन 100 रूपए से कम में मिलने की संभावना है परन्तु इसपर कोई पुख्ता बयान नहीं जारी किया गया है |

कैडिला को मिली तीसरे चरण के ट्रायल की स्वीकृति

ड्रग कंट्रोलर ऑफ़ इंडिया ने कैडिला हेल्थकेयर को तीसरे चरण में 26,000 भारतीय प्रतिभागियों पर ट्रायल करने की स्वीकृति दे दी है | कैडिला की वैक्सीन के भारत में प्रथम और द्वितीय क्लीनिकल ट्रायल 1000 प्रतिभागियों पर चल रहे हैं |

Updated On: 2021-01-03T17:21:38+05:30
Show Full Article
Next Story
Our website is made possible by displaying online advertisements to our visitors.
Please consider supporting us by disabling your ad blocker. Please reload after ad blocker is disabled.