क्या बीच सड़क पर नमाज़ पढ़ते हुए शख़्स का ये वीडियो भारत से है? फ़ैक्ट चेक

यह वीडियो मलेशिया में शूट हुआ है और करीब सात महीने पुराना है | इसे पहले भी कई दफ़ा शेयर किया जा चूका है
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फ़ेसबुक और ट्विटर पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसके साथ दावा किया जा रहा है की एक मुस्लिम सड़क पर नमाज़ अदा कर रहा है और वो ऐसा दंगा भड़काने के मकसद से कर रहा है |आगे कहा गया है की 'मोदीजी इनका विश्वास जीतने की कोशिश में हैं' | आपको बता दें की सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास एनडीए सरकार का नया नारा है |

एक सत्रह सेकंड की वीडियो क्लिप ट्विटर और फ़ेसबुक पर वायरल है जिसके साथ कैप्शन में लिखा है: "गौर से देखें यह दंगा कराने के मकसद से नमाज नहीं पढ़ रहा , सड़क के किनारे भी जगह है लेकिन बीचोंबीच चलती ट्रैफिक के बीच ये मुस्लिम नमाज अदा कर रहा है या दूसरों को ललकार रहा है कि कोई मेरा कुछ नही बिगाड़ सकता मेरी दादागिरी यूं ही चलेगी और मोदी जी इनका विश्वास जीतने की कोशिश में हैं" | आप इस पोस्ट को नीचे और इसके आर्काइव्ड वर्शन को यहाँ देखें |





आप इस वीडियो का आर्काइव्ड वर्शन यहाँ देखें |



आप इस वीडियो का आर्काइव्ड वर्शन यहाँ देखें | यह वीडियो को फ़ेसबुक पर भी शेयर किया गया है | आप फ़ेसबुक पर वायरल वीडियो यहाँ देखें | आप वीडियो में चलती कारों के बीच रोड पर एक बूढ़े शख़्स को नमाज़ पढ़ते हुए देख सकते हैं |

फ़ैक्ट चेक

बूम ने वीडियो में वीडियो में दिख रहे विज्ञापन बोर्ड पर अंकित टेलीफ़ोन नंबर ((03) 9212-0466) को जांचा तो पाया की यह मलेशिया का कोड है | यह नंबर मलेशिया की एक कंपनी - इ.एम हब - का है जो कॉर्पोरेट ऑफ़िस, वेयरहाउस एवं दो मंज़िला ऑफ़िसों का निर्माण करती है | इस कंपनी की कोई भी शाखा भारत में नहीं है | कंपनी की वेबसाइट पर बूम ने देखा की इस कंपनी का पता सेलंगोर दारुल एहसान, मलेशिया दिया हुआ है |आप इस कंपनी की वेबसाइट तक यहाँ पहुंच सकते है एवं कुछ जानकारियां नीचे उपलब्ध हैं |

जो टेलीफ़ोन नंबर वीडियो में दिख रहा है वो इस कंपनी का है जो भारत में नहीं है |
वीडियो में आप नंबर देख सकते हैं |

बूम ने 'नमाज़, मोदी जी इनका विश्वास जीतने की कोशिश में हैं' जैसे शब्दों को कीवर्ड्स की तरह इस्तेमाल किया तो हमें फ़ेसबुक पर पोस्ट मिले | रशियन सर्च इंजन यांडेक्स पर हमें दिसंबर 2018 में पोस्ट किये गए कुछ लेख मिले जो मलेशियाई न्यूज़ संस्थानों ने लिखे थे |



यह वीडियो इस्तांबुल के एक ट्वीटर यूज़र ने भी शेयर किया |

इस वीडियो पर बूम को कुछ लेख मिले जो एक मलेशियाई न्यूज़ वेबसाइट पर थे | हालांकि इस वेबसाइट के फॉलोवर्स ट्विटर पर करीब हज़ार ही हैं जिससे इस बात की पुष्टि होती है की यह प्रतिष्ठित नहीं है परन्तु यह बात साबित होती है की यह वीडियो काफ़ी पुराना एवं मलेशिया में शूट किया गया है |

इस लेख की हैडलाइन में लिखा है: "वायरल वीडियो जो एक शख़्स का है जो टोल रोड के बीच नमाज़ पढ़ रहा है" |

हालांकि बूम स्वतंत्र रूप से इस वीडियो को नहीं खोज पाया मगर हम ये पता लगाने में कामयाब रहें की वीडियो भारत से नहीं मलेशिया से है |

Claim Review :  सड़क पर नमाज़ पढ़ते मुस्लिम शख़्स का वीडियो भारत से है
Claimed By :  Twitter handles and Facebook pages
Fact Check :  FALSE
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