Connect with us

जी नहीं, ये कन्हैया कुमार के कैंपेन ट्रेल में नाचती हुई गुरमेहर कौर नहीं हैं

जी नहीं, ये कन्हैया कुमार के कैंपेन ट्रेल में नाचती हुई गुरमेहर कौर नहीं हैं

वायरल पोस्ट दावा करता है की वीडियो में दिख रही महिला, और रैली में कन्हैया कुमार के साथ खड़ी महिला एक है – गुरमेहर कौर | दोनों दावें गलत हैं

gurmehar kaur

एक चलती कार के सामने की सीट पर एक महिला नाच रही है | बैकग्राउंड में हिंदी फ़िल्म का कोई गीत बज रहा है | इस सब के दौरान महिला के साथी उसे प्रोत्साहित कर रहे हैं | इस वीडियो को इस दावे के साथ सोशल मीडिया पर फ़ैलाया जा रहा है की इसमें दिख रही महिला छात्र एक्टिविस्ट गुरमेहर कौर हैं जो सी.पि.आई. के बेगूसराय कैंडिडेट कन्हैया कुमार के लिए कैंपेनिंग कर रही हैं |

वायरल पोस्ट के साथ ये कैप्शन भी लिखा है: यही है वो #मोहतरमा हैं जो #कन्हैया के नामांकन में चुनाव प्रचार कर रही हैं,#गुरमेहरकौर। यही लोग मिलकर #बेगूसराय का विकास करेंगे।छी छी शर्म भी नहीं आती है |

वायरल पोस्ट के साथ दो तस्वीरें भी हैं जिन्हे, एक बार फ़िर, गुरमेहर कौर बताया गया है | हालाँकि ये तस्वीरें जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी के छात्र यूनियन की पूर्व वाईस प्रेजिडेंट शेहला रशीद की हैं ना की गुरमेहर की |

पोस्ट को यहां देखा जा सकता है और अर्काइव्ड वर्शन तक यहां और यहां पहुंचा जा सकता है।
फोटो

kanhaiya kumar campain gurmehar kaur
वायरल पोस्ट

लगभग 2.15 सेकंड लंबे इस वीडियो में एक महिला चलती कार के अंदर नाचती हुई दिखाई दे रही है जबकि युवाओं का एक समूह उसे प्रोत्साहित करते दिख रहा है | पोस्ट फ़िलहाल फ़ेसबुक और ट्विटर, दोनों से वायरल हो चूका है |

gurmehar viral on fb
फ़ेसबुक पर वायरल
gurmehar dancing viral on fb
फ़ेसबुक पर वायरल

गुरमेहर कौर एक छात्र एक्टिविस्ट और एक लेखक हैं। 2017 में, सोशल मीडिया पर एक बायन देने के बाद वह ट्रोलिंग का शिकार हो गई थी। उन्होंने ट्वीटर पर लिखा था, “पाकिस्तान डिड नॉट किल किल माई डैड, वार किल्ड हिम” यानी मेरे पिता को पाकिस्तान ने नहीं, युद्ध ने मारा है।

फैक्टचेक

बूम ने वीडियो और तस्वीरों की अलग-अलग जांच की है।

कार में दिख रही महिला कौन है?

बूम ने वीडियो को गौर से देखा और निम्नलिखित चीजें पाई:

  • वीडियो में दिख रही कार लेफ़्ट हैंड ड्राइव है
  • लड़की के हाथ में दिखाई गई बोतल में अल ऐन लिखा है । अल ऐन संयुक्त अरब अमीरात में एक प्रसिद्ध बोतलबंद पानी का ब्रांड है
al ain bottle water
पानी की बोतल पर अंग्रेजी में अल ऐन लिखा है

इससे यह स्पष्ट होता है कि वीडियो भारत का नहीं है।

बूम ने तब वीडियो अलग-अलग फ़्रेम्स में बांटा और गुरमेहर होने का दावा करने वाली महिला के मगशॉट लिए, और उसे इंटरनेट पर मौजूद गुरमेहर की तस्वीरों से मिलाया ।

comparison of gurmehar image
( दोनों तस्वीरें अलग हैं। )

हमने गुरमेहर से भी संपर्क किया | उन्होंने कहा कि ये दावे झूठे हैं।

जी हाँ वो एक काफ़ी पुरानी और फ़ेक वीडियो है | दो साल पहले जब रामजस कॉलेज के प्रोटेस्ट्स हो रहे थे, उसी दौरान राइट विंग वालों ने इस वीडियो को ये बोल कर सर्कुलेट किया था की वीडियो में मैं हूँ | मैं पिछले सात या आठ सालों में किसी अरब देश नहीं गयी हूँ | और आखिरी दफ़ा जब मैं गयी थी तो बारह साल की थी |

गुरमेहर कौर, स्टूडेंट एक्टिविस्ट

( )

कौर ने हमें यह भी बताया कि उसने बेगूसराय में कन्हैया कुमार के लिए प्रचार किया था।

जबकि बूम ने पुष्टि की है की इस वीडियो में दिख रही महिला गुरमेहर कौर नहीं है, हम उसकी पहचान स्थापित करने में असमर्थ थे लेकिन हमें यही वीडियो यूट्यूब पर मिला जिसे अगस्त 2016 में अपलोड किया गया था |

फ़ोटो में दिख रही महिला कौन है?

तस्वीर पर हमने एक रिवर्स इमेज सर्च किया और हमें कई न्यूज़ रिपोर्ट्स के लिंक्स मिले जिनमें ऐसी ही तस्वीर मौजूद थी। फ़ोटो में दिखाई देने वाली महिला शेहला राशिद है । राशिद जेएनयू के छात्र संघ की पूर्व उपाध्यक्ष और जम्मू-कश्मीर पीपुल्स मूवमेंट की सदस्य हैं, जो पूर्व आईएएस अधिकारी शाह फ़ैसल द्वारा स्थापित एक राजनीतिक संगठन है।

कई अन्य लोगों के साथ रशीद कन्हैया कुमार, जो बेगूसराय से अपना पहला चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं, के लिए लगातार प्रचार कर रही हैं ।

(BOOM is now available across social media platforms. For quality fact check stories, subscribe to our Telegram and WhatsApp channels. You can also follow us on Twitter and Facebook.)

Claim Review : वीडियो में कन्हैया कुमार की कैंपेनिंग के दौरान नाचती हुई दिख रहीं हैं गुरमेहर कौर

Fact Check : FALSE

Sumit is a fact checker and the News Editor of Boom's Hindi wing. In the six years of his journalistic career, he has worked with the New Indian Express, Times of India and Deccan Chronicle. The dynamic nature of digital media finally made him take the leap from print to online, and don the hat of a digital detective.

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Most Popular

FACT FILE

Opinion

To Top