पंजाब में कोविड-19 से बचने की 'मॉक ड्रिल' सच्ची घटना के रूप में वायरल

सब-डिविशनल मजिस्ट्रेट ने बूम से बताया की वीडियो एक मॉक ड्रिल का है जो 13 मार्च को की गयी थी|

पंजाब पुलिस की मॉक ड्रिल का एक वीडियो वास्तविक तौर पर शेयर किया जा रहा है जिसमें दिखाया गया है की कैसे पुलिस ने सहयोग न देने वाले कोरोनावायरस पीड़ितों को संभालने का बंदोबस्त किया है|

वीडियो में दिखाया गया है की कई पुलिसकर्मी फेस मास्क लगा कर एक शख़्स को पकड़ते हैं जो डॉक्टर से इलाज़ करवाने के लिए तैयार नहीं है| वीडियो के साथ दावा गुरमुखि लिपि में वायरल है जिसका हिंदी अनुवाद है: "पंजाब पुलिस और डॉक्टरों की टीम ने कोरोनावायरस मरीज़ को गिरफ़्तार किया| पंजाब पुलिस और डॉक्टर दुनिआ में सबसे बेहतरीन हैं| नोट: यह जांच लुधिअना में भी हो|"

बूम ने पाया की यह दावा फ़र्ज़ी हैं क्योंकि वीडियो दरअसल मानसा (पंजाब) में हुई एक मॉक ड्रिल के दौरान फिल्माया गया था| यह मॉक ड्रिल जिला शासन प्रबंधन, डॉक्टरों और पुलिस के समूह द्वारा आयोजित की गयी थी ताकि जिला की महामारी से लड़ने की तैयारी जाँची जा सके|

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(गुरमुखि: ਕਰੌਨਾ ਵਾਇਰਸ ਦੇ ਮਰੀਜ਼ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲੀਸ ਤੇ ਡਾਕਟਰਾਂ ਦੀ ਟੀਮ ਨੇ ਕੀਤਾ ਗਿਰਫਤਾਰ ਸਾਰੀ ਦੁਨੀਆੰ ਦੇ ਡਾਕਟਰਾਂ ਤੇ ਪੁਲੀਸ ਵਿੱਚੋਂ ਸਭ ਤੋਂ ਵਧੀਆ ਸਾਡੀ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲੀਸ ਤੇ ਡਾਕਟਰ ਨੋਟ :- ਇਹ ਚੈੱਕ ਨਾਕੇ ਲੁਧਿਆਣੇ ਵਿੱਚ ਜ਼ਰੂਰ ਲਗਾਓ )

वायरल वीडियो को नीचे देखें और इसका आर्काइव्ड वर्शन यहाँ देखें| कई और पोस्ट्स इसी वीडियो के साथ यहाँ देखि जा सकती हैं|

जरूर देखें: कोरोनावायरस पर लाइव अपडेट

नावेल कोरोनावायरस, कोरोनावायरस का एक नया प्रकार है जो वुहान, चीन में सबसे पहले पाया गया| हाल में विश्व स्वास्थ संगठन ने इस बिमारी को महामारी घोषित किया है| भारत में यह वायरस अब तक तीन लोगों की जान ले चूका है और 137 सकारात्मक मामले सामने आये हैं|

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यही वीडियो क्लिप व्हाट्सएप्प पर भी वायरल है जहाँ इसके साथ कैप्शन है: जैसा की हम सब जानते हैं की स्पेन से आने वाले यात्रियों को एक अनिवार्य क्वारेंटीन पीरियड बिताना है| यह गजब की बात है की मोदी सरकार क्वारेंटीन हुए यात्रियों को क्या दे रही है| यह हिंदी में है|"


यह नव्वे सेकंड लम्बा वीडियो काफी बनावटी दिखता है| एक शख़्स अपने फ़ोन में देखते हुए बाजार की ओर से आता है जबकि कई लोग उसके आसपास रहते हैं| जैसे ही वह बेरिकेड्स के पास आता है पुलिस उसे पकड़ती है और डॉक्टर उसके मुँह पर मास्क लगते हैं| बाद में उसे एम्बुलेंस में लेजाया जाता है|




यही वीडियो ट्विटर पर भी शेयर किया गया है|

फ़ैक्ट चेक

वीडियो को गौर से देखने पर वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर दिखता है जो PB31 H 9195 है, यह मानसा, पंजाब का है| जैसा की वीडियो बनावटी दिख रहा है, बूम ने 'कोरोना वायरस मॉक ड्रिल मानसा पंजाब' कीवर्ड खोज की| हमें विश्वास न्यूज़ का एक फ़ैक्ट चेक मिला जो इसी वीडियो पर था|

फ़ैक्ट चेक में इस मामले को मानसा जिले के बच्छोआना गांव, बुढलाडा तहसील का बताया है| इसके बाद बूम ने बुढलाडा के सब-डिविशनल मजिस्ट्रेट आदित्य दचवाल से संपर्क किया| उन्हें बूम ने वीडियो भेजा और उन्होंने इसे देखकर सत्यापित किया और कहा, "हमनें 13 मार्च, 2020 को एक मॉक ड्रिल की थी ताकि कोरोनावायरस के लिए तैयारी पुख्ता हो|"

"टीम में जिला प्रसाशन, पुलिस और डॉक्टर थे," दचवाल ने बताया|

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Updated On: 2020-04-02T17:04:23+05:30
Claim Review :   पंजाब पुलिस ने कोरोनावायरस पीड़ितों को गिरफ़्तार किया
Claimed By :  Social media platforms
Fact Check :  False
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