क्या पाकिस्तान में वकीलों ने एक हिंदू महिला पर हमला किया? फ़ैक्ट चेक

बूम ने पाया कि महिला की पहचान अमरत शहजादी के रुप में हुई थी जो एक मुस्लिम है और पाकिस्तान के शाहपुर भंगुक की निवासी है

पाकिस्तान से एक परेशान करने वाला वीडियो भारतीय सोशल मीडिया पर झूठे दावे के साथ तेजी से फैल रहा है। वीडियो में वकीलों द्वारा एक महिला की पिटाई होते हुए देखा जा सकता है। दावा किया जा रहा है कि पीड़ित महिला हिंदू है और उस पर धर्म के कारण हमला किया गयाा है।

एक मिनट लंबे क्लिप में दिखाया गया है कि महिला को लात-घूसे से मारा जा रहा है, जबकि वह एक चप्पल का उपयोग कर जवाब देने की कोशिश करती है।

वीडियो के साथ कैप्शन में लिखा है: "इस लड़की का गुनाह सिर्फ इतना है की ये हिन्दू है और वो भी शान्तिधूर्तो के देश पाकिस्तान में।"

हालांकि वीडियो 1 दिसंबर को पोस्ट किया गया था, लेकिन यह इस सप्ताह संसद के दोनों सदनों में पारित नागरिकता संशोधन विधेयक (CAB) के बैकग्राउंड में वायरल हो रहा है। धार्मिक उत्पीड़न से बचने के लिए इस बिल में पाकिस्तान, अफ़ग़ानिस्तान और बांग्लादेश के छह गैर-मुस्लिम धार्मिक समूहों को नागरिकता की अनुमति दी गई है।

पोस्ट को 40,000 से अधिक बार शेयर किया गया है। कई फ़ेसबुक यूज़र्स ने वीडियो पोस्ट किया। आप नीचे कई पोस्ट देख सकते हैं और अर्काइव वर्शन यहां और यहां देखे जा सकते हैं।


फ़ैक्ट चेक

बूम ने वीडियो को कीफ़्रेम में तोड़ा और रिवर्स इमेज सर्च चलाया। हम पाकिस्तान, भारत और विश्व स्तर पर मुख्यधारा की मीडिया द्वारा इस घटना पर प्रकाशित कई लेख तक पहुंचे। जियो टीवी की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस घटना की पुष्टि शकरगढ़ पुलिस के एक अधिकारी ने की थी। कोर्ट सुनवाई के लिए आई महिला, अमरत और वकीलों के बीच विवाद के बाद यह घटना हुई थी। शाहपुर भंगुक निवासी अमरत ने दावा किया कि वकीलों ने उसके साथ दुर्व्यवहार किया, जबकि वकीलों ने आरोप लगाया कि उसने उन पर हमला किया।

हम वीडियो में पीड़ित के नाम और ठिकाने का पता लगाने में सक्षम थे। वह एक हिंदू लड़की नहीं है, जैसा कि दावा किया गया है, बल्कि पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के शाहपुर भंगुक की निवासी एक मुस्लिम लड़की है।

हमें पाकिस्तान से बीबीसी उर्दू के संवाददाता द्वारा पोस्ट की गई एक एफआईआर भी मिली जिसमें महिला का नाम अमरत शहजादी बताया गया है। एफआईआर में कहा गया है कि तीन वकीलों ( जिसमें यासिर खान, वसीम लतीफ और आसिफ सुल्तान ), ने मोहम्मद सुलेमान ज़ात अंसारी की बेटी अमरत शहजादी को अदालत परिसर में घसीटा और उस पर और उसके चचेरे भाई अब्दुल कय्यूम पर हमला किया। इससे यह स्पष्ट होता है कि महिला मुस्लिम है और धर्म के कारण उसकी पिटाई नहीं की गई है।

यह पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है कि किस वजह से विवाद हुआ लेकिन इस घटना पर एक स्थानीय रिपोर्ट यहां पढ़ी जा सकती है।

Claim Review :  वीडियो में दिखाया गया है कि पाकिस्तान में एक हिंदू लड़की को पीटा जा रहा है
Claimed By :  Facebook Post
Fact Check :  False
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