दिल्ली में 15 दिन में 807 लोगों की गुमशुदगी का दावा भ्रामक संदर्भ से वायरल
बूम ने जांच में पाया कि दिल्ली में 1 से 15 जनवरी 2026 के बीच गुमशुदगी के 807 मामले दर्ज हुए हैं हालांकि जनवरी 2026 में प्रतिदिन गुमशुदा व्यक्तियों का औसत पिछले वर्षों की तुलना में कम है.

दिल्ली में पिछले 15 दिनों के अंदर 800 लोगों के गायब होने के दावे ने बीते कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर सनसनी मचा रखी है. तमाम मीडिया आउटलेट्स ने भी दिल्ली में गायब हुए लोगों के इन आंकड़ों पर रिपोर्ट प्रसारित की हैं. गुमशुदगी से जुड़े इन आंकड़ों के सार्वजनिक होने के बाद लोगों के बीच घबराहट भी फैल गई क्योंकि इन आकड़ों को इस तरह प्रसारित किया गया है जैसे इन घटनाओं में अचानक से तेजी आ गई है और मानव तस्करी, यौन अपराध से जुड़े गिरोह अचानक से अति सक्रिय हो गए हैं.
वायरल दावे के अनुसार दिल्ली में पिछले 15 दिनों के अंदर 800 से अधिक लोग गायब हुए हैं, हर दिन औसतन 54 लोग गायब हो रहे हैं और गायब होने वाले लोगों में सबसे ज्यादा संख्या महिलाओं की है.
बूम ने जांच में पाया कि दिल्ली में जनवरी 2026 के शुरुआती 15 दिनों में लोगों की गुमशुदगी से जुड़े वायरल आंकड़े सही हैं हालांकि आंकड़ों को सनसनीखेज बनाते हुए भ्रामक तरीके से शेयर किया जा रहा है.
क्या है वायरल दावा :
फेसबुक पेज से वीडियो को शेयर करते हुए लिखा गया है, दिल्ली में 15 दिन में 800+ लोग गायब! आखिर चल क्या रहा है? Shocking Reality..." आर्काइव लिंक
इंस्टाग्राम पेज से वीडियो को शेयर करते हुए लिखा गया है, "दिल्ली NCR में 800 लोग गायब! कौन जिम्मेदार?" आर्काइव लिंक
पड़ताल में क्या मिला :
पीटीआई की रिपोर्ट
पीटीआई की 30 जनवरी 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली में 1 जनवरी से 15 जनवरी के बीच कुल 807 लोग लापता हुए, इनमें से 509 महिलाएं और लड़कियां थीं, जबकि 298 पुरुष थे. जिन लोगों की गुमशुदगी दर्ज हुई उनमें 191 नाबालिग थे और 616 वयस्क. पीटीआई की रिपोर्ट में बताया गया है कि यह दिल्ली पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक डेटा है.
दिल्ली पुलिस के डेटा से हुई आंकड़ों की पुष्टि
हमने दिल्ली पुलिस की वेबसाइट पर गुमशुदगी से जुड़े इन आंकड़ों को चेक किया और पाया कि दिल्ली पुलिस के आंकड़े वायरल दावे में बताए गए आंकड़ों की पुष्टि करते हैं. 1 जनवरी से 15 जनवरी के बीच दिल्ली में गुमशुदगी के 807 मामले दर्ज हुए हैं जिनमें से 235 का पता लगाया जा चुका है और 572 अभी भी लापता हैं.
पहले के मुकाबले अचानक से नहीं बढ़ी गुमशुदगी की घटनाएं
वायरल दावे के संबंध में संयुक्त पुलिस आयुक्त, जन संपर्क अधिकारी दिल्ली पुलिस संजय त्यागी ने पहले के मुकाबले गुमशुदगी के मामले अचानक बढ़ने की बात को अफवाह बताया है. त्यागी के अनुसार गुमशुदगी के मामलों में 2026 के जनवरी माह में पिछले वर्षों के जनवरी माह के मुकाबले कमी आई है.
बूम ने पिछले 10 सालों में एक दिन में औसतन गुमशुदगी के दर्ज मामलों की तुलना की और पाया कि 2026 में प्रतिदिन गुमशुदगी के दर्ज मामलों का औसत पिछले वर्षों की तुलना में कम है.
गुमशदा लोगों की बरामदगी के आंकड़े को किया गया नजरअंदाज
वायरल पोस्ट में केवल गुमशुदगी के दर्ज मामलों को दिखाया गया है लेकिन यह नहीं बताया गया कि दर्ज मामलों में से कितने लोगों को खोज लिया गया. डेटा को देखने पर पता चलता है कि हाल के वर्षों में खोजे गए लोगों की दर 60 से 80% रही है. 1 से 15 जनवरी 2026 के बीच दर्ज 807 मामलों में से 235 लोगों (29.1%) को उसी पखवाड़े में खोज लिया गया था.
अधिक जानकारी के लिए बूम ने दिल्ली पुलिस के पीआरओ जॉइंट सीपी संजय त्यागी से संपर्क किया जिन्होंने कहा कि वह इस विषय में सोशल मीडिया पर स्पष्टिकरण दे चुके हैं.


