दिल्ली पुलिस के विरोध प्रदर्शन का बताकर गुजरात का वीडियो वायरल
वीडियो गुजरात के गांधीनगर में वन कर्मचारियों के प्रदर्शन का है. इसका दिल्ली पुलिस के प्रदर्शन से कोई संबंध नहीं है.

सोशल मीडिया पर दिल्ली पुलिस के प्रदर्शन से जोड़कर एक वीडियो वायरल है, जिसमें पुलिसकर्मी 'इंकलाब जिंदाबाद' के नारे लगाते नजर आ रहे हैं.
बूम ने पाया कि वीडियो के साथ किया जा रहा दावा गलत है. वीडियो दिल्ली पुलिस के प्रदर्शन का नहीं बल्कि गुजरात के गांधीनगर का है, जहां 28 अक्टूबर 2026 से वन विभाग के कर्मचारी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे.
गौरतलब है कि 23 अक्टूबर 2026 को दिल्ली के शाहदरा थाने में पुलिसकर्मियों और वकीलों के बीच हुई झड़प के बाद ACP मनस्वी वशिष्ठ और SHO अरुण कुमार का ट्रांसफर कर दिया गया था. इसके विरोध में 2 नवंबर को करीब 150 पुलिसकर्मियों ने दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और दोनों अधिकारियों की बहाली की मांग की. फिलहाल प्रदर्शन में शामिल ACP मनस्वी वशिष्ठ को निलंबित कर दिया गया है.
सोशल मीडिया पर क्या है वायरल?
फेसबुक पर कई यूजर्स ने वीडियो के साथ दावा किया कि दिल्ली में आज पुलिसकर्मी अपने ही पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन करते नजर आए.
पड़ताल में क्या मिला:
1. वीडियो गुजरात के गांधीनगर का है
रिवर्स इमेज सर्च की मदद से हमें सोशल मीडिया पर पिछले कुछ दिनों में शेयर किए गए ऐसे कई पोस्ट मिले, जिनमें मिलते-जुलते वीडियो को गुजरात के गांधीनगर में वन विभाग के कर्मचारियों के प्रदर्शन का बताया गया था. Gujarat Forest Department और Sangecha Navghan नाम के इंस्टाग्राम हैंडल पर भी वायरल वीडियो समेत प्रदर्शन से जुड़े कई वीडियो मौजूद हैं.
2. गूगल मैप्स पर हुई लोकेशन की पुष्टि
पोस्ट में दी गई जानकारी के मुताबिक प्रदर्शन गांधीनगर के सेक्टर 6 स्थित सत्याग्रह छावनी में हुआ था. इस जानकारी के आधार पर हमने गूगल मैप्स पर लोकेशन को जियोलोकेट किया. गूगल स्ट्रीट व्यू में वायरल वीडियो में दिखाई दे रही उन्हीं इमारतों की पहचान की जा सकती है.
3. वेतन वृद्धि जैसी मांगों को लेकर हुआ प्रदर्शन
घटना से जुड़ी एबीपी न्यूज गुजराती और इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक गुजरात के करीब 3000 वन कर्मचारी सात दिनों से वेतन वृद्धि और रिस्क अलाउंस जैसी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे. वन मंत्री अर्जुन मोढवाडिया और कर्मचारी संगठनों के बीच बुधवार, 4 नवंबर को बैठक हुई. सरकार ने रिस्क अलाउंस और यूनिफॉर्म से जुड़ी मांगें मान लीं. बाकी मांगों पर मंजूरी दिलाने के आश्वासन के बाद कर्मचारियों ने आंदोलन वापस ले लिया.
दिल्ली पुलिस ने भी एक्स पर वायरल वीडियो के साथ किए जा रहे दावों का खंडन करते हुए स्पष्ट किया कि इसका दिल्ली पुलिस से कोई संबंध नहीं है.


