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क्या बीमार बच्चो की फोटो शेयर करने पर फेसबुक दान देता है ?

क्या बीमार बच्चो की फोटो शेयर करने पर फेसबुक दान देता है ?

बच्चो की अस्पताल की तस्वीरो को फैला कर एक माहौल बनाया जाता है और लोगो को झूठ से रूबरू किया जाता है।


 
दावा : व्हाट्सप्प, फेसबुक पर लगातार बीमार मासूम बच्चो की वायरल तस्वीरो के पोस्ट के जरिये, कमेंट, शेयर्स और पसंद के द्वारा इलाज की मिलने वाली आर्थिक मदद ।

 

रेटिंग : झूठ

 

“भोजपुरिया भाई” नामक एक फेसबुक पेज का पोस्ट जिसे लगभग 3 लाख से ज्यादा बार शेयर किया जा चूका है। निरंतर प्रयासों से लोगो को अपील कर पोस्ट को जितना हो सके उतना शेयर करने की कोशिश कर रहा है ।
 

 
आम तौर पर देखा गया है की व्हाट्सप्प, फेसबुक और ट्विटर पर ऐसे पोस्ट आते रहते है, जो छोटे बच्चो की असहनीय फोटो को शेयर कर बताते है की आप जितना कमेंट शेयर या पसंद करोगे, मरीज को उतनी ही मदद मिलेगी।
 
फेसबुक के इस वायरल होते हुए पोस्ट में लिखा है की “यह बच्चा बहुत बीमार है। माँ बाप के पास उतने पैसे नहीं। फेसबुक पैसे देगा अगर आप शेयर करेंगे तो।
 
1 पसंद के 10 रूपये।
1 कमेंट के 50 रूपये।
1 शेयर के 500 रूपये।
पत्थर दिल न होतो यहाँ से शेयर करे।”
 
फेसबुक इस तरह से शेयर या पसंद के प्रभाव के जरिये न तो कोई आर्थिक मदद करता है न कोई इलाज़ में सहायता। इस तरह की खबरे अक्सर झूठी और जाली साबित हुई है।
 

 
सौजन्य टाइम.कॉम
 
वर्ष 2017 में भी इसी तरह से एक ‘फेसबुक पोस्ट चैन’ और ऑनलाइन खबरे चली आती रही है । जिसमे दावा किया जाता रहा था की जितने शेयर मिलेंगे उतना ही बच्चे के इलाज़ में सहयोग मिलेगा।
 
दर असल इस तरह की फेसबुक की कहानिया कोई नई बात नहीं बल्कि एक होक्स चैन का हिस्सा है। वक़्त बे वक़्त इस तरह के फेसबुक पोस्ट सामने आते रहे है।
 
हम फेसबुक के संपर्क में हैं और जब वे जवाब देते हैं तो उनकी प्रतिक्रिया जोड़ देंगे। फेसबुक टिप्पणियों, शेयरों या पसंदों के लिए भुगतान नहीं करता है

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Ashraf is a fact checker and a Correspondent with Boom's Hindi wing. In four years of his journalistic career, he has worked with the Bloomberg TV India and other vernacular platforms. Well versed in languages like Hindi,Gujarati,English and Urdu . Have anchored TV shows and covered Gujarat Assembly elections 2017. Stepped in digital media for now and made a leap from broadcast to online.

1 Comments

1 Comment

  1. Sudha Tiwari

    30th September 2018 at 6:16 am

    How do we know is that fakes or not .

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